संबोधन की रोशनी हिन्दुस्तान)


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राष्ट्र के नाम संदेश जितना सामयिक था, उतना ही आवश्यक भी था। जब देश बड़े बदलाव के मोड़ पर है, तब सरकार को सावधानियों में रत्ती भर कमी भी नहीं छोड़नी चाहिए। प्रधानमंत्री द्वारा किया गया संवाद भी एक सावधानी है, जिसकी आने वाले दिनों में बार-बार जरूरत पड़ेगी। जम्मू-कश्मीर से…


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Updated: August 10, 2019 — 5:09 PM