आत्मघाती खनन (दैनिक ट्रिब्यून)

शीर्ष अदालत द्वारा अरावली की गायब हुई पहाड़ियों के बाबत की गई टिप्पणी ने पूरे देश को चौंकाया है। राजस्थान में तीस से ज्यादा पहाड़ियों का नामोनिशान मिटना उस भयावह सच को बताता है जो हमारे पारिस्थितिकीय तंत्र को झिंझोड़ रहा है और जैव विविधता के लिये खतरनाक संकेत है। ये पहाड़ियां दिल्ली समेत गंगा […]

जनतंत्र का दिखेगा भविष्य (राष्ट्रीय सहारा)

अरुण माहेश्वरी सुप्रीम कोर्ट ने 23 अक्टूबर को एक और महत्त्वपूर्ण निर्णय लिया। मुख्य न्यायाधीश की दो जजों की बेंच ने चुनाव आयोग के सदस्यों का चयन अकेले सरकार के द्वारा किए जाने के बजाय उसे पांच प्रतिष्ठित जनों के एक कॉलेजियम के जरिये करने की व्यवस्था की मांग करने वाली याचिका पर सुनवाई के […]

प्रदूषण पर सख्ती (दैनिक ट्रिब्यून)

स्वच्छ और प्रदूषण रहित पर्यावरण के लिये सर्वोच्च न्यायालय ने अंतत: देश में डेढ़ साल के भीतर वाहन और ईंधन गुणवत्ता को विश्वस्तरीय बनाने की दिशा में सख्त कदम उठा ही लिया। देश में ईंधन और इंजन गुणवत्ता के हिसाब से चौथे चरण मानदंडों वाले वाहन दौड़ रहे हैं जबकि विकसित देशों ने वे गुणवत्ता […]

Defusing tensions: on CBI feud (The Hindu)

The Supreme Court has taken hold of the situation. It has done well to order a time-bound and supervised inquiry into the charges against the sidelined CBI Director, Alok Verma. The government had suggested that it took the first step earlier this week to defuse tensions arising from the feud between the two top officers […]

Touching base: On PM Modi’s visit to Japan (The Hindu)

Ever since they institutionalised annual summit-level meetings in 2006, India and Japan have held a closely aligned world-view. Prime Minister Narendra Modi now heads to Japan for meetings with his Japanese counterpart, Shinzo Abe, and they are expected to take stock of all the challenges they face, notably with regard to the U.S. and China. […]

सुधारों का इंतजार करती सीबीआइ (दैनिक जागरण)

नई दिल्ली, प्रकाश सिंह। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो यानी सीबीआइ समय-समय पर विवादों के घेरे में आती रही है। यह भी कहा जा सकता है कि जब-जब सीबीआइ पर राजनीतिक दबाव पड़ा तब-तब उसकी कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिन्ह लगे। 1984 में सीबीआइ ने जब जगदीश टाइटलर को बेदाग करार दिया तब उस समय बहुत से लोगों ने […]

भारत की जनता के लिए बेहतर काम कर रही मोदी सरकार, पूरी दुनिया मान रही लोहा (दैनिक जागरण)

[आदर्श तिवारी]। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का चयन ‘सियोल शांति पुरस्कार 2018’ के लिए किया गया है। यह सम्मान उन्हें वैश्विक आर्थिक प्रगति, अंतरराष्ट्रीय सहयोग और भारत के लोगों के मानवीय विकास को तेज करने की प्रतिबद्धता व सामाजिक एकीकरण के जरिये लोकतंत्र के विकास के लिए प्रदान किया जा रहा है। सियोल […]

कुछ अलग है इमरान की यह मंत्री (अमर उजाला)

मरिआना बाबर सोशल मीडिया की ताकत पिछले हफ्ते तब दिखी, जब ट्वीटर पर खबर आने के बाद एक बच्ची को बचाया गया। मानवाधिकार मंत्री शिरीन मजारी ने इसका संज्ञान लेते हुए तुरंत अधिकारियों को आदेश दिया और चार दिन के भीतर उस बच्ची को बरामद किया गया। हालांकि पाकिस्तान तहरीक-ए इंसाफ (पीटीआई) सरकार को सत्ता […]

CBI is dead, long live CBI (The Indian Express)

Written by Meeran Chadha Borwankar The Central Bureau of Investigation (CBI) shall survive. A few bad leaders at the top can damage the agency for some time but having worked in the bureau, I can say with certainty that it is made of stronger stuff than what the media thinks. I would like to share […]

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