आइए इस फैसले को नया विस्तार दें (हिन्दुस्तान)

केरल के सबरीमाला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश को लेकर सुप्रीम कोर्ट की तीखी टिप्पणी के गहरे अर्थ हैं। अगर आला अदालत का यह मत अपने मूल अर्थों में जमीन पर उतर सका, तो हम एक नए बदलाव के गवाह बनेंगे। अदालत ने मंदिर में महिलाओं के खिलाफ भेदभावपरक बंदिशों को संविधान के खिलाफ माना […]

जानलेवा इमारतें (जनसत्ता)

ग्रेटर नोएडा पश्चिम के शाहबेरी गांव में मंगलवार रात दो इमारतों के ढह जाने की घटना गंभीर और दहला देने वाली है। एक इमारत में लोग रह रहे थे और दूसरी निर्माणाधीन थी। मलबे से अब तक आठ शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि कइयों के दबे होने की आशंका है। यह हादसा रात […]

स्त्री का हक (जनसत्ता)

सर्वोच्च न्यायालय का ताजा फैसला स्त्रियों की एक बड़ी जीत है। यों तो हमारे संविधान ने जाति, धर्म, भाषा, लिंग आदि आधारों पर हर तरह के भेदभाव की मनाही कर रखी है। लेकिन हम देखते हैं कि सामाजिक असलियत कुछ और है। समाज में अनेक प्रकार के भेदभाव होते हैं, और इनमें सबसे ज्यादा व्यापक […]

अविश्वास प्रस्ताव का औचित्य (नईदुनिया)

यह आश्चर्यजनक है कि संसद के मानसून सत्र के पहले ही दिन विपक्ष का वह अविश्वास प्रस्ताव मंजूर हो गया, जिसे पिछले सत्र में हंगामे के बीच लाने की कोशिश हो रही थी। यह मानने के अच्छे-भले कारण हैं कि बजट सत्र के दौरान न तो विपक्ष अविश्वास प्रस्ताव आगे बढ़ाने को लेकर गंभीर था […]

बेमकसद बैठक से उठा बवाल (नईदुनिया)

– ए. रहमान इस वक्त देश का सियासी माहौल पूरी तरह गरमाया हुआ है। नेताओं की हर गतिविधि को आगामी आम चुनाव से जोड़कर ही देखा जा रहा है। उर्दू समाचार पत्र ‘इंकिलाब में छपी खबर ‘कांग्रेस मुसलमानों की पार्टी है को लेकर जो सियासी कोलाहल शुरू हुआ, वह थमता नहीं दिखाई दे रहा। यह […]

We need a revised legislation on abortion (Hindustan Times)

Does the termination of an unwanted pregnancy within medically permissible limits amount to murder? The Supreme Court seems to think so in the case of a woman who approached the court in the 21st week of her pregnancy. The woman, a victim of domestic violence, sought the termination as she wanted a divorce and the […]

Nothing new in this trust motion (Hindustan Times)

Prime Minister Narendra Modi faces his first floor challenge, in the form of a no-confidence motion, on Friday. The last time the Lok Sabha witnessed a no-confidence vote was in 2003, when Sonia Gandhi challenged Atal Bihari Vajpayee. The motion got defeated, but the BJP lost the following year in the general elections. In 2008, […]

किसानों का अविश्वास मत पास (प्रभात खबर)

योगेंद्र यादव राष्ट्रीय अध्यक्ष, स्वराज इंडिया yyopinion@gmail.com अवीक साहा राष्ट्रीय अध्यक्ष, जय किसान आंदोलन इधर लोकसभा में मोदी सरकार के विरुद्ध अविश्वास प्रस्ताव पर बहस होगी. उधर अखिल भारतीय किसान संघ समिति के बैनर तले 201 किसान संगठनों के प्रतिनिधि संसद के बाहर प्रदर्शन कर इस सरकार में अविश्वास जतायेंगे. दसों दिशाओं से किसानों का […]

धान के गीत गानेवाले (प्रभात खबर)

डॉ अनुज लुगुन सहायक प्रोफेसर, दक्षिण बिहार केंद्रीय विवि, गया anujlugun@cub.ac.in धान रोपनी का एक गीत है- ‘रोपा रोपे गेले रे डिंडा दंगोड़ी गुन्गु उपारे जिलिपी लगाये / लाजो नहीं लगे रे डिंडा दंगोड़ी गुन्गु उपारे जिलिपी लगाये /हर जोते गेले रे डिंडा दंगोड़ा एड़ी भईर तोलोंग लोसाते जाये /लाजो नहीं लगे रे डिंडा दंगोड़ा […]

Labour unions’ free speech problem (Livemint)

Sarath Ninan Mathew, Siddharth Sonkar The US Supreme Court’s recent Janus vs AFSCME ruling will have far-reaching consequences for labour unions. It overruled the 41-year-old precedent set in Abood vs Detroit Board of Education, 1977, and prohibited recognized public sector unions from mandating that employees who were non-members also pay “agency fees”, i.e. a percentage […]



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