Day: June 1, 2018

शिक्षा पद्धति में सुधार जरूरी (प्रभात खबर)

II जेएस राजपूत II पूर्व निदेशक, एनसीईआरटी rajput_js@yahoo.co.in सीबीएसइ बोर्ड की दसवीं और बारहवीं का परीक्षा परिणाम आ चुका है. बच्चों ने रिकॉर्ड कायम करते हुए 98-99 प्रतिशत तक नंबर लाये हैं. किसी बच्चे द्वारा 500 नंबर में 499 नंबर हासिल करना यानी चार विषय में पूरे-पूरे सौ नंबर और एक विषय में 99 नंबर […]

दारुल-अमन है हमारा भारत (प्रभात खबर)

II फिरोज बख्त अहमद II वरिष्ठ पत्रकार firozbakhtahmed08@gmail.com पिछले दिनों अल्पसंख्यक मंत्रालय के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने सरकार द्वारा मुस्लिमों के लिए उठाये गये कुछ कदम और योजनाओं के बारे में ‘माई गोव’ एप के अंतर्गत की गयी संगोष्ठी में बताया, तो आंखें खुलीं कि बड़ी खामोशी के साथ सरकार ने काफी काम कर […]

एंटी इनकंबैंसी का तापमान (प्रभात खबर)

II योगेंद्र यादव II अध्यक्ष, स्वराज इंडिया yyopinion@gmail.com मई और जून के महीने में अक्सर सरकारों को लू लगजाती है. खास तौर पर उन सरकारों को, जो चार साल तक राजधानी के एयर कंडीशन कमरों में बंद रहती हैं. जब मंत्री लोग चुनावी साल में जनता के बीच धूप और धूल फांकते हैं, तो अक्सर […]

चौथे स्तंभ के स्याह सच की बानगी (दैनिक ट्रिब्यून)

परंजॉय गुहा ठाकुरता अन्य बातों के अलावा कोबरा पोस्ट द्वारा किए गए स्टिंग ऑपरेशन ने इस पहलू पर रोशनी डाली है कि आज पेड न्यूज का प्रसार किस कदर पैठ बना चुका है। वैसे भारत में इस तरह का आरोप कोई नया या अनोखा नहीं है। तकरीबन पिछले दशक या उससे कुछ साल पहले फैली […]

मनमाफिक मानसून (दैनिक ट्रिब्यून)

मंगलवार को मानसून ने केरल में दस्तक दे दी। मानसून नियत समय से तीन दिन पहले आ गया है। मौसम विभाग की भविष्यवाणी सटीक साबित हुई तो इस बार भी अच्छी बारिश होगी। धान की खेती के लिए पानी की मारामारी के बीच पंजाब, हरियाणा, हिमाचल और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए सबसे […]

पार्टी कार्यकर्ताओं की यादों का स्मारक (दैनिक ट्रिब्यून)

मनोज लिमये सर्वोच्च न्यायालय का बंगले खाली करने सम्बन्धी फैसला आ चुका था। इस चौंकाने वाले फैसले के बाद मेरा उनसे मिलने जाना प्रत्याशित सी घटना थी। बंगले के बाहर दस-बारह पार्टी कार्यकर्ता मुंह लटकाये खड़े थे। कल तक जहां मेले जैसा मनोरम दृश्य पसरा रहता था वहां झींगुरों की मद्धिम सी आवाज़ माहौल को […]

सच्चे जनप्रतिनिधियों की तलाश (दैनिक जागरण)

[जगमोहन सिंह राजपूत]। इस समय तमाम लोग उस सबको सामान्य सा मानने लगे हैं जिन्हें वे आजादी के वक्त अप्रत्याशित, असामाजिक, अस्वीकार्य या तिरस्कार योग्य मानते थे। गांधीजी ने 1922 में एक पत्र में लिखा था कि स्वराज आने से देशवासियों को कोई खुशी नहीं मिलेगी, क्योंकि चार चीजें उन पर भारी पड़ेंगी। इनमें चुनावों […]

इंडोनेशिया और भारत के बीच फिर से मजबूत संबंधों की बुनियाद रखेंगे पीएम मोदी (दैनिक जागरण)

नई दिल्ली [गुरजीत सिंह]। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पहले इंडोनेशिया दौरे की शुरुआत हो चुकी है। इससे पहले इंडोनेशियाई राष्ट्रपति जोकोवो विडोडो ने 2016 और फिर जनवरी, 2018 में भारत-आसियान शिखर सम्मेलन के लिए भारत का दौरा किया। हाल में जर्मन, चीनी और रूसी नेताओं के बाद पीएम मोदी अब राष्ट्रपति विडोडो से मिलेंगे। वर्ष […]

समान शिक्षा की जरूरत (अमर उजाला)

सुभाष चंद्र कुशवाहा दुनिया के ज्यादातर विकसित देशों में विश्वविद्यालयीन शिक्षा से पूर्व की शिक्षा समान और सरकारी है। निजी शिक्षा को यूनिवर्सिटी स्तर पर ही स्थान मिला है। प्रारंभ में अपने यहां भी यही नीति थी, मगर अब ज्यादातर प्रदेशों में सरकारी शिक्षा दम तोड़ चुकी है। छोटे-छोटे कस्बों में खुले निजी स्कूल, पब्लिक […]

अकेले पड़ गए नवाज (अमर उजाला)

हर्ष कक्कड़, रिटायर्ड मेजर जनरल नवाज शरीफ संभवतः पाकिस्तान के अकेले ऐसे प्रधानमंत्री रहे जोकि पड़ोसी देशों से संबंधों को एक अलग ही नजरिये से देखते थे। उनका हमेशा यह मानना रहा कि पाकिस्तान के आर्थिक विकास का एकमात्र रास्ता पड़ोसी देशों से बेहतर रिश्ते में और आतंकी समूहों को समर्थन बंद करने में ही […]

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