Day: August 1, 2019

संसद बीजेपी के हाथ (नवभारत टाइम्स)

पहले सूचना का अधिकार (संशोधन) विधेयक, फिर तीन तलाक बिल को राज्य सभा से पारित कराकर नरेंद्र मोदी की सरकार ने संसद के दोनों सदनों में अपने वर्चस्व का सबूत दे दिया है। खासकर तीन तलाक बिल को एक पोलराइजिंग इश्यू की तरह लिया जा रहा था। समाज से लेकर राजनीति तक इस पर तीखा...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

कुछ चेहरे हुए बेनकाब (राष्ट्रीय सहारा)

आजाद भारत के विधायी इतिहास में जुलाई, 2019 अनेक खराब कानूनों के लिए जानी जाएगी बल्कि अभी कुछ और भी खराब कानून बनाए जाने हैं। इनमें से अधिकांश विधेयकों को जल्दबाजी में दोनों सदनों में पारित किया गया जहां विपक्ष संख्यात्मक रूप में कम और कमजोर है। इन कानूनों में आरटीआई अमेंडमेंट एक्ट, अनलॉफुल एक्टिविटीज...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

उद्यम कौशल से विशाल कारोबार खड़ा करने वाले सिद्धार्थ की मौत कारोबार जगत के लिए अपूरणीय क्षति (दैनिक जागरण)

अपने उद्यम कौशल से एक विशाल कारोबार खड़ा करने वाले वीजी सिद्धार्थ की आत्महत्या कारोबार जगत के साथ आम लोगों का ध्यान खींचने वाली है। मंगलुरु की नेत्रावती नदी से उनका शव मिल जाने के बाद इसे लेकर कयास लगाए जा रहे हैं कि आखिर सफलता की इबारत लिखने वाले वीजी सिद्धार्थ ने किन हालात...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

अपनी ही नई अफगान पाक रणनीति में फंसा US, अफगानिस्तान से सेना वापसी पर संशय (दैनिक जागरण)

विवेक ओझा। हाल के समय में अमेरिका समेत कुछ अन्य शक्तियों द्वारा अफगानिस्तान से सेनाओं की वापसी के निर्णय से तालिबान के इस्लामिक एजेंडे में एक नई ऊर्जा भर गई है। वर्ष 2001 से अफगानिस्तान में तैनात अंतरराष्ट्रीय फौजों की संख्या में कमी आई है, लेकिन अमेरिका ने वर्ष 2017 में अपनी नई अफगान पाक...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

राजनीति का समाज से टूटता रिश्ता: मात्र सत्ता की राजनीति हमें सीमित एवं स्वार्थी बनाती है (दैनिक जागरण)

[ बद्री नारायण ]: भारतीय राजनीति राजसत्ता की राजनीति में सिमटती चली गई है, जबकि इसका मूल स्वर समाज बदलने की राजनीति से जुड़ा रहा है। आजादी की लड़ाई के वक्त से राष्ट्र निर्माण की राजनीति समाज निर्माण की राजनीति से गहराई से जुड़ी रही। महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू, सरदार पटेल, मौलाना आजाद, डॉ. राममनोहर...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

भाषा-नीति की समस्या: अंग्रेजी के बढ़ते वर्चस्व के कारण कई भारतीय भाषाएं दुर्बल होकर लुप्त होती जा रही हैं (दैनिक जागरण)

[ शंकर शरण ]: एक बड़े शिक्षा निदेशक ने कहा कि यहां शिक्षा में भाषा-नीति की समस्या बहुत गंभीर हो चुकी है। कितनी भी बहस हो, कोई समाधान नहीं निकलता। ऐसे में जो फॉर्मूला चल रहा है, वही चलाते रहना ठीक है। वह सचमुच एक ऐसा सत्य कह रहे थे, जिसकी आशंका लगभग दो सौ...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

The Centre must set an example in the use of EVs (Hindustan Times)

With the government working towards making India an all-electric car market by 2030, minister for road transport and highways, Nitin Gadkari, in 2017, told carmakers in no uncertain terms that if they stick to petrol or diesel, he would not mind “bulldozing” them to check pollution and imports. Two years down the line, the minister,...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

Kashmir: Assert authority, maintain peace (Hindustan Times)

The past week has seen a sudden spurt in activity in Jammu and Kashmir. National Security Adviser, Ajit Doval, visited the state. The Centre deployed additional paramilitary forces. There are reports of possible threats in the run up to August 15. The Centre, in line with its decision to empower the third tier of government...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

भारत के सरकारी स्कूल न बिजली, न पानी, न अध्यापक और नदारद अन्य सुविधाएं (पंजाब केसरी)

लोगों को सस्ती और स्तरीय शिक्षा एवं चिकित्सा, स्वच्छ पेयजल और लगातार बिजली उपलब्ध करवाना हमारी केंद्र और राज्य सरकारों की जिम्मेदारी है परंतु इनमें विफल रहने के कारण ही सरकारी अस्पतालों में इलाज करवाने तथा सरकारी स्कूलों में अपने बच्चों को पढ़ाने से हर कोई संकोच करता है। राजस्थान में ‘जीयासर’ सरकारी विद्यालय में...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register

Failure must not hurt the spirit of enterprise (Livemint)

The confirmation of Café Coffee Day (CCD) founder V.G. Siddhartha’s death has not just been met with disbelief and dismay around India, it has concentrated minds on an important question: Are we fair to our entrepreneurs? CCD is a big brand and Siddhartha’s untimely demise reflects poorly on the prevailing business atmosphere, replete with “pressures”...

This content is for Monthly Subscription, Half-yearly Subscription and Yearly Subscription members only.
Log In Register