Day: July 6, 2019

अप्रत्यक्ष कर में जरूरी बदलाव लेकिन सुधारों का रहा अभाव (बिजनेस स्टैंडर्ड)

सुकुमार मुखोपाध्याय अप्रत्यक्ष कर में बदलाव प्रमुख तौर पर सीमा शुल्क में ही किए गए हैं क्योंकि बजट में जीएसटी में कोई तब्दीली नहीं की जा सकती। परंतु प्रक्रियागत सुधार को लेकर कुछ सुझाव अवश्य दिए गए हैं, जिन पर जीएसटी परिषद की सहमति जरूरी होगी। इलेक्ट्रॉनिक इनवॉइस को ऐसे तैयार करने की बात कही...

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Nudge policymakers for nudge to work (The Economic Times)

Economic Survey 2018-19 breaks new ground by introducing a chapter on behavioural economics. This is the accepted term for what its pioneers Daniel Kahneman and Amos Tversky termed ‘prospect theory’. Rather than assume people are expected-utility maximising robots, it introduces biases and behavioural inertia into decision-making. Kahneman and Tversky tested their ideas out on a...

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राष्ट्रवाद में रचे बसे राजनेता (हिन्दुस्तान)

एम वेंकैया नायडू, उप-राष्ट्रपति परिस्थितियां ही नायक का निर्माण करती हैं। स्वाधीन भारत के पहले उद्योग एवं आपूर्ति मंत्री, 1951 में भारतीय जनसंघ के संस्थापक डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने इस कहावत को चरितार्थ किया। बैरिस्टर के रूप में प्रशिक्षित होने के बावजूद, शिक्षा, शिक्षण और भारतीय संस्कृति उनकी पहली रुचि थे। 33 वर्ष की...

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सबकी सुध (हिन्दुस्तान)

देश के सालाना बजट को अक्सर आर्थिक संतुलन बिठाने की बाजीगरी कहा जाता है। सरकार की तमाम योजनाओं, ढेर सारे चुनावी वादों और हर किसी की आशाओं, आकांक्षाओं को ध्यान में रखते हुए सभी के लिए कुछ न कुछ करना आसान काम नहीं होता। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को संसद में जो बजट...

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वित्त वर्ष से आगे की बात (हिन्दुस्तान)

योगेंद्र कुमार अलघ, अर्थशास्त्री मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल के पहले बजट में दीर्घावधि की योजनाओं को समेटा गया है। इसमें पेश किए गए कई प्रस्ताव सुखद एहसास देते हैं, जैसे महिला उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं को 5,000 रुपये का ओवर ड्राफ्ट देना, जीरो बजट खेती की...

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