Day: June 15, 2019

आधुनिकीकरण का मंसूबा (राष्ट्रीय सहारा)

-जीन जैकेस रोस्सियू मोदी सरकार का देश की आबादी के शैक्षणिक और आर्थिक दृष्टि से पिछड़े तबके के हालात बेहतर करने का मंसूबा सही मायनों में सराहनीय है। मई, 2019 में नवनिर्वाचित सांसदों को अपने पहले संबोधन में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मुस्लिमों का विास जीतने की बात कही थी। तदोपरांत उनकी सरकार ने अल्पसंख्यक...

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Analysis: SAARC से बेहतर है BIMSTEC, पीएम मोदी ने ‘Act east’ नीति पर किया फोकस (दैनिक जागरण)

ब्रिगेडियर आरपी सिंह। यह अच्छा हुआ कि शंघाई सहयोग परिषद की बैठक में प्रधानमंत्री ने पाकिस्तान को यह संदेश देने में संकोच नहीं किया कि आतंकवाद का साथ छोड़े बगैर उस पर भरोसा नहीं किया जा सकता। यह वही मोदी हैैं जिन्होंने पांच साल पहले बतौर प्रधानमंत्री अपने शपथ ग्रहण समारोह में दक्षेस देशों के...

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कलासाधक से बढ़कर मानवीय स्थिति के दार्शनिक थे गिरीश कारनाड, जानें उनके बारे में कुछ खास (दैनिक जागरण)

गोपालकृष्ण गांधी। मशहूर कन्नड़ लेखक, रंगकर्मी और ज्ञानपीठ पुरस्कार आदि से नवाजे गए गिरीश कारनाड अब हमारे बीच नहीं हैैं। उनका अपनी मूल भाषा यानी कन्नड़ और उसके साहित्य से गहरा जुड़ाव रहा। वह सोचते थे तो कन्नड़ में और लिखते भी थे कन्नड़ में। हम कह सकते हैं कि वह कन्नड़ के रवींद्रनाथ टैगोर...

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Neighbours First नीति पर बढ़ती मोदी सरकार, PM की मालदीव व श्रीलंका यात्रा से चिंतित चीन (दैनिक जागरण)

[सुशील कुमार सिंह]। विश्व के राजनीतिक मंच पर भारत महत्वपूर्ण भूमिका निभाए इसके लिए यह जरूरी है कि वह पड़ोसी देशों को भरोसे में ले। पीएम मोदी का मालदीव और श्रीलंका दौरा इसका बेहतर उदाहरण है। लगातार दूसरी बार सत्ता में आने के बाद मोदी ने अपने पहले विदेश दौरे के पहले चरण में मालदीव...

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मोदी युग में विदेश नीति का दूसरा आयाम, एस जयशंकर को विदेश मंत्री बनाकर दिया ये संकेत (दैनिक जागरण)

[डॉ. श्रीश पाठक]। अंतरराष्ट्रीय कूटनीति और व्यापारिक व सामरिक संबंधों की मजबूती के लिहाज से विदेश नीति का महत्व बढ़ता जा रहा है। केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने अपने पहले कार्यकाल के दौरान विदेश नीति के मोर्चे पर कई अहम निर्णय लिए और देश की प्रतिष्ठा बढ़ाई। दोबारा सत्ता में लौटी मोदी सरकार ने...

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दलों के बंधन में जकड़ा लोकतंत्र: जनप्रतिनिधियों की अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता तो आम नागरिकों से भी बदतर है (दैनिक जागरण)

[ योगेंद्र नारायण ]: जब भी कोई जनप्रतिनिधि चुनाव जीतकर संसद या विधानसभा के प्रांगण में प्रवेश करता है तो उसके दिमाग में कई नए विचार कौंधते हैं। वह अपने निर्वाचन क्षेत्र के साथ-साथ राष्ट्र के लिए भी कुछ करना चाहता है। वह ‘विधि द्वारा स्थापित भारत के संविधान के प्रति सच्ची श्रद्धा एवं निष्ठा...

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आतंकी हरकतों से बाज नहीं आ रहा पाकिस्तान, वैश्विक स्तर पर घेरने में जुटा भारत (दैनिक जागरण)

शंघाई सहयोग संगठन के सम्मेलन में भारतीय प्रधानमंत्री ने पाकिस्तान का नाम लिए बिना यह कहकर उसे कठघरे में ही खड़ा किया कि आतंकवाद को समर्थन और संरक्षण देने वाले राष्ट्रों को जिम्मेदार ठहराना जरूरी है। उन्होंने इसी मंच से आतंकवाद से मुक्त समाज के निर्माण के लिए सभी देशों से एकजुट होने की भी...

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माता-पिता की सेवा न करने वालों को अब बिहार में होगी जेल (पंजाब केसरी)

बुढ़ापे में बुजुर्गों को बच्चों के सहारे की अधिक जरूरत होती है। गृहस्थी बन जाने के बाद अधिकांश संतानें माता-पिता से उनकी जमीन- जायदाद अपने नाम लिखवा कर उनकी ओर से आंखें फेर लेती हैं। इसीलिए हम अपने लेखों में यह बार-बार लिखते रहते हैं कि माता-पिता अपनी सम्पत्ति की वसीयत तो अपने बच्चों के...

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शिलांग के पंजाबियों की समस्या केंद्र व मेघालय सरकार तुरंत सुलझाए (पंजाब केसरी)

लगभग 156 वर्ष पूर्व 1863 में मेघालय की राजधानी शिलांग में अंग्रेजों ने सिखों को ले जाकर बसाया था। शिलांग के सबसे खूबसूरत इलाके में बसी इस ‘पंजाबी लेन कालोनी’ के बाशिंदों के विरुद्ध स्थानीय लोगों की नाराजगी काफी समय से चली आ रही है। शिलांग के मुख्य व्यापारिक केंद्र पुलिस बाजार के बिल्कुल निकट...

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गंभीर होती जा रही है देश भर में आवारा कुत्तों की समस्या (पंजाब केसरी)

देश भर में आवारा कुत्तों ने उत्पात मचा रखा है। क्या गांव और क्या शहर, हर जगह आवारा कुत्ते आम लोगों की जान के लिए खतरा बने हुए हैं जिनके चंद ताजा उदाहरण निम्र में दर्ज हैं :   30 मई को लुधियाना में आवारा कुत्ते ने एक साढ़े 6 वर्ष की बच्ची के पैर...

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