स्याह बादलों में उभरती उम्मीद की किरण (दैनिक ट्रिब्यून)


प्रीतम सिंह पिछले कुछ दिनों से भारत और पाकिस्तान पर संभावित युद्ध के काले बादल मंडरा रहे थे। दोनों के पास परमाणु हथियारों का जखीरा होने की वजह से तबाही और हताशा का अंदेशा न केवल भारत-पाक की जनता पर तारी हो गया है बल्कि लगभग पूरी दुनिया के लिए यह चिंता का विषय बन…


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Updated: March 12, 2019 — 1:58 PM