असरदार कर्जदार (दैनिक ट्रिब्यून)

बैंकिंग व्यवस्था में अपना सुरक्षित भविष्य देखने वाले उन तमाम खाताधारकों को यह खबर जरूर विचलित करेगी कि सरकारी बैंकों की गैर-निष्पादित आस्तियां यानी एनपीए साढ़े आठ लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है। संसद में वित्तमंत्री द्वारा दिये गये एक बयान के अनुसार गत मार्च में एनपीए नौ लाख करोड़ के करीब पहुंच…

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Updated: February 9, 2019 — 1:35 pm