वंचितों के कल्याण के लिए (अमर उजाला)


इस वर्ष अर्थशास्त्र के नोबल पुरस्कार के लिए चुने गए प्रिंसटन विश्वविद्यालय के अर्थशास्त्री एंगस डीटॉन ने गरीबी को समझने और उसके उन्मूलन के लिए व्यापक दृष्टि दी है, जिसका भारत जैसी तेजी से उभरती अर्थव्यवस्था के लिए खासा महत्व है।


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Updated: October 14, 2015 — 4:40 PM