माता-पिता की सेवा न करने वालों को अब बिहार में होगी जेल (पंजाब केसरी)


बुढ़ापे में बुजुर्गों को बच्चों के सहारे की अधिक जरूरत होती है। गृहस्थी बन जाने के बाद अधिकांश संतानें माता-पिता से उनकी जमीन- जायदाद अपने नाम लिखवा कर उनकी ओर से आंखें फेर लेती हैं। इसीलिए हम अपने लेखों में यह बार-बार लिखते रहते हैं कि माता-पिता अपनी सम्पत्ति की वसीयत तो अपने बच्चों के…


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Updated: June 15, 2019 — 12:10 PM